

पोसूस द कालदस ,ब्राज़ील में चल रही विश्व केटेड शतरंज चैंपियनशिप में 10 राउंड के बाद भारत की उभरती सितारा खिलाड़ी दिव्या देशमुख नें एक और जीत दर्ज करते हुए अंडर 12 बालिका वर्ग की विश्व चैंपियनशिप में 9 अंको के साथ एकल बढ़त कायम कर ली . राउंड 9 में उन्होने अमेरिका की भारतीय मूल की खिलाड़ी मयप्पन अन्नापूर्णि पर काले मोहरो से अपनी विरोधी की गलती का भरपूर फायदा उठाते हुए जीत दर्ज की । दसवे राउंड में दिव्या नें उज्बेकिस्तान की मफ़तूना बोबोमुरोदोवा को सफ़ेद मोहरो से खेलते हुए पराजित किया । और अब जब सिर्फ आरके राउंड बचा है उनका अच्छा खेल उनके विश्व अंडर 12 बालिका विश्व चैम्पियन बनने की संभावना को बल दे रहा है ।अंतिम राउंड हारने की सूरत में भी दिव्या का रजत पदक पहले ही तय हो गया है और उनकी लय उन्हे का दावेदार बना रही है

अंतिम राउंड में उनका मुक़ाबला उनसे 2.5 के फासले पर खेल रही टॉप सीड हमवतन रक्षिता रवि से है

हालांकि जीतने की स्थिति में भी रक्षिता के लिए पदक की सूची में जगह बनाना मुश्किल ही नजर आता है फिर भी यह खेल आपको हार मानने की इजाजत तो नहीं देता और आपको हर हाल में अपना सर्वश्रेष्ठ प्रयास करना होता है ।
अन्य वर्गो से थोड़ा मुश्किल खबर - शुरुआत में तीन वर्गो में सयुंक्त बढ़त पर चल रहा भारत धीरे धीरे थोड़ा पीछे हो गया । ऐसा नहीं है की अभी और पदक नहीं आ सकते पर यह अब अंतिम दो राउंड के परिणामो पर निर्भर करता है ।

अंडर 8 आयु वर्ग बालको में इलाम्पर्थी 7.5 अंक के साथ चौंथे स्थान पर चल रहे है और अगर वह अंतिम राउंड जीत जाते है तो वह भी भारत को पदक दिला सकते है

अंडर 10 वर्ग में बालको में भारत सुब्रमण्यम 7।5 अंको के साथ चौथे स्थान पर है अंतिम राउंड मे जीत से वह भी पदक तालिका मे स्थान नामा सकते है

अंडर 10 बालिकाओं में वर्षिनी साहिथी 7.5 अंको के साथ दूसरे स्थान पर है ,अगर वो अगले राउंड में जीत दर्ज करते है तो निश्चित तौर पर पर वह रजत और मौका पड़ने पर स्वर्ण पदक पर भी कब्जा जमा जमा सकती है ।








