
क्या हरिकृष्णा इस बार दूसरे राउंड में पहुँच पाएंगे
पहला राउंड - पहला मुक़ाबला - हरिकृष्णा vs कार्याकिन

पहले क्लासिकल मुक़ाबले में मात्र 21 चालों में खेल हो गया ड्रॉ
फीडे ग्रां प्री का अंतिम चरण शुरू हो गया है और महिलाओं में राउंड रॉबिन के आधार पर 12 खिलाड़ियों की परतियोगिता से से अलग यहाँ पर प्रतियोगिता 16 खिलाड़ियों के बीच नॉक आउट आधार पर खेली जाती है। पहले राउंड के पहले मुक़ाबले में भारत के पेंटाला हरिकृष्णा नें रूस के सेरगी कार्याकिन से ड्रॉ खेला है । हरिकृष्णा के लिए यह इस फीडे चरण की अंतिम ग्रां प्री है और उनके सामने इस बार भी दूसरे चरण में पहुँचने की चुनौती है । दो क्लासिकल मुकाबलों में पहले मुक़ाबले में हरिकृष्णा सफ़ेद मोहरो से खेल रहे थे । राय लोपेज ओपनिंग में कार्याकिन के मजबूत डिफेंस के सामने वह बढ़त हासिल नहीं कर सके और खेल मात्र 21 चालों में ड्रॉ पर खत्म हुआ

दूसरे राउंड में हरीकृष्णा के सामने कार्यकिन सफ़ेद मोहरो से खेल रहे थे और इस बार भी मुक़ाबला अनिर्णीत रहा
इटेलिअन ओपेनिंग में हुए इस मुक़ाबले में दोनों खिलाड़ियों नें खेल का रास्ता कुछ यूं चुना की उनके पास 27 चालों में ड्रॉ खेलना एकमात्र विकल्प था
अब टाईब्रेक से ही तय होगा की क्या हरीकृष्णा अगले राउंड में प्रवेश करेंगे या फिर उनकी यात्रा पहले राउंड में ही समाप्त हो जाएगी । टाईब्रेक जीतने वाला खिलाड़ी दूसरे राउंड में पहुँच जाएगा

अभी सिर्फ अमेरिका के वेसली सो ही सीधे दूसरे राउंड में पहुंचे है उन्होने चीन के यू यांगी को 1.5-05 से हराते हुए दूसरे राउंड में प्रवेश किया

अन्य सभी 7 बोर्ड पर दोनों क्लासिकल मुक़ाबले ड्रॉ होने की वजह से आज टाईब्रेक खेले जाएँगे सवाल यह भी है की क्या इस तरह के टाईब्रेक की वजह से खिलाड़ी इन क्लासिकल राउंड में जीतने की कोशिश ही नहीं करते और मुक़ाबले को टाईब्रेक पर खीच कर ले जाते है । अगर ऐसा है तो फीडे को इसके बारे में भी सोचना पड़ेगा
अब तक खेले गए सभी मुक़ाबले








