यह कोई सामान्य लम्हा नहीं था यह एक एतिहासिक दृश्य था जिसे चेसबेस इंडिया की अमृता मोकल नें अपने कैमरे मे कैद किया 

सभी तस्वीरे अमृता मोकल के सौजन्य से 

भारत की सरजमीं में आखिरकार भारत के लाल प्रग्गानंधा ने इतिहास बनाते हुए 14 वर्ष की आयु में विश्व अंडर 18 के बालक वर्ग का खिताब जीत लिया । अंतिम राउंड के पहले प्रग्गानंधा आधे अंक की बढ़त पर थे और जर्मनी के बुकेल्स वालेंटिन से ड्रॉ खेलते हुए 9 अंक बनाते हुए पहला स्थान हासिल किया । पूरी प्रतियोगिता में प्रग्गानंधा नें अविजित रहते हुए 7 जीत और 4 ड्रॉ खेले ।

2567 की रेटिंग के प्रग्गा नें अपनी रेटिंग में 19 अंको की बढ़त दर्ज करते हुए 2713 रेटिंग का प्रदर्शन किया । दूसरे स्थान पर अर्मेनिया के सर्गस्यन शांत 8.5 अंको के साथ रजत तो अर्मेनिया के ही अरतुर दावत्यान कांस्य पदक लेने में सफल रहे ।

प्रग्गानंधा अपनी सफलता के दो महत्वपूर्ण स्तंभो गुरु आरबी रमेश और माँ श्रीमति नागलक्ष्मी के साथ 

देखे प्रग्गा के अंतिम मैच का विडियो हिन्दी चेसबेस इंडिया के सौजन्य से 

अगर आप प्रग्गा के बारे में और जानना चाहते है तो देखे यह विडियो 

हिन्दी चेसबेस इंडिया के सौजन्य से 

अंडर 18 बालक वर्ग - फ़ाइनल रैंकिंग 

भारत के अर्जुन कल्याण और राहुल श्रीवास्तव भी शीर्ष 10 में जगह बनाने में कामयाब रहे 

अंडर 18 बालिका वर्ग में भारत का परचम लहराया वन्तिका अग्रवाल नें जिन्होने छठी वरीयता से शुरुआत करते हुए देश को रजत पदक दिलाया और अपनी रेटिंग भी पुनः +2300 पहुंचा दी 

अंडर 18 बालिका वर्ग में भारत की वन्तिका अग्रवाल नें 8 अंको के साथ रजत पदक हासिल किया जबकि रूस की शुवालोवा पोलिना नें 8.5 अंको के साथ स्वर्ण तो रूस की ही अलेक्ज़ेंड्रा ओबोलेंतसेवा नें 7.5 अंक के साथ कांस्य पदक हासिल किया ।

अंडर 18 बालिका वर्ग - फ़ाइनल रैंकिंग 

आशना माखीजा शीर्ष 10 में आने वाली दूसरी भारतीय खिलाड़ी रही रूस के 3, भारत के 2,जर्मनी के 2 ,स्लोवेनिया ,मंगोलिया और कजाकिस्तान की एक खिलाड़ी नें शीर्ष 10 में जगह बनाई 

अंडर 16 वर्ग में बालको में भारत के अरोण्यक घोष 8 अंको के साथ टाईब्रेक एक आधार पर कांस्य पदक लेने में कामयाब रहे जबकि रूस के मकरियान रुडिक 8.5 बनाकर स्वर्ण तो 8 अंको के साथ स्टेफेन पोगोस्यन रजत पदक लेने में कामयाब रहे ।

अंडर 16 बालक वर्ग - फ़ाइनल रैंकिंग 

शीर्ष 10 में भारत के सर्वाधिक तीन खिलाड़ी रहे कुशाग्र मोहन छठे तो हर्षवर्धन जीबी आठवे स्थान पर रहे 

बालिका वर्ग में भारत को कोई पदक नहीं मिला ,रूस की लेया गरिफुल्लिना को 8.5 अंक के साथ स्वर्ण ,कजाकिस्तान की नूरगली नजेरके 8.5 अंक के साथ रजत तो ईरान की महदियान अनौशा 8 अंको के साथ कांस्य पदक लेने में कामयाब रही ।

फ़ाइनल रैंकिंग अंडर 16 बालिका वर्ग 

भारत को इस वर्ग में निराशा हाथ लगी पर भारत के दो खिलाड़ी साइना सोनालिका छठे तो अक्षया मौनिका दसवें स्थान पर रही 

अंडर 14 में भारत का जलवा रहा हालांकि दोनों ही वर्गो में भारत स्वर्ण तो नहीं जीत सकता पर रजत और कांस्य भारत के हिस्से आए । बालक वर्ग में अजरबैजान के अदिन सुलेमाली 9 अंक के साथ स्वर्ण ,भारत के एलआर श्रीहरी 8 अंको के साथ रजत तो भारत के ही श्रीसवन एम 8 अंको के साथ कांस्य पदक जीतने में सफल रहे ।

फ़ाइनल रैंकिंग अंडर 14 बालक वर्ग 

अंडर 14 बालक वर्ग मेन चार भारतीय खिलाड़ी शीर्ष 10 मे रहे , अभिनंदन आर आठवे तो सामंत आदित्य दसवें स्थान पर रहे 

बालिका वर्ग में कजाकिस्तान की कमालीदेनोवा 8.5 अंको के साथ स्वर्ण तो भारत की दिव्या देशमुख 8 अंको के साथ रजत और भारत की रक्षिता रवि नें 8 अंको के साथ कांस्य पदक अपने नाम किया ।

फ़ाइनल रैंकिंग अंडर 14 बालिका वर्ग 

शीर्ष 10 मे भारत के कुल तीन खिलाड़ी रहे ,दिव्या को हराकर उलटफेर करने वाली वेलपुला सरायु आठवे स्थान पर रही 


भारत के प्रग्गानंधा के स्वर्ण के अलावा 3 रजत और 3 कांस्य के साथ कुल 7 पदक अपने नाम किए और अंक तालिका में दूसरे स्थान पर रहे ।

जबकि रूस नें 3 स्वर्ण ,1 रजत ,1 कांस्य के साथ पदक तो 5 लिए पर पदक तालिका में पहले स्थान पर रहा । 1 स्वर्ण , 1 रजत के साथ 2 पदक लेकर तीसरे स्थान पर रहा ,अजरबैजान नें एक स्वर्ण ,अर्मेनिया नें 1 रजत ,1 कांस्य नें दो पदक और ईरान नें 1 कांस्य अपने नाम किया

प्रतियोगिता में खेले समस्त भारतीय खिलाड़ी 

तीन स्वर्ण पदको के साथ रूस नें अपनी श्रेष्ठता साबित की 

विश्व चैंपियनशिप के पुरूष्कार वितरण का मंच जहां हर कोई हर शतरंज खिलाड़ी स्थान बनाना चाहता है एक चैम्पियन की तरह 

सभी पदक विजेता भारतीय खिलाड़ी जिन्होने देश को गौरान्वित किया 

समापन कार्यक्रम का विस्मयकारी नजारा 

प्रग्गा की जीत सिर्फ उनकी नहीं पूरे देश की जीत रही इसीलिए यह पार्टी तो बनती थी 

और कौन इस नन्हें सितारे की इस यात्रा का गवाह नहीं बनना चाहेगा ? क्या सेल्फी है !

चेसबेस इंडिया की सुप्रिया भट्ट जो पूरे समय तन्मयता से खिलाड़ियो के लिए चेसबेस प्रॉडक्ट उपलब्ध कराती रही साथ ही मास्टर अवतांशु खिलाड़ियों के इंटरव्यू लेते रहे 

चेसबेस इंडिया के संस्थापक सदस्य सागर शाह और अमृता मोकल नें टूर्नामेंट का शानदार कवरेज किया । जल्द ही अब चेसबेस इंडिया विश्व जूनियर शतरंज चैंपियनशिप के खास कवरेज के साथ दिल्ली से आपके लिए खबरे लाएगा !