विश्व रैपिड शतरंज : गुकेश की असाधारण चमक 

भारत के 15 वर्षीय ग्रांड मास्टर गुकेश डी अपने  बेहद शानदार खेल के चलते विश्व रैपिड शतरंज चैंपियनशिप मे सर्वश्रेष्ठ भारतीय बनकर उभरे ,उन्होने 13 राउंड मे 2753 रेटिंग स्तर के प्रदर्शन से कुल 9 अंक बनाए और नौवा स्थान हासिल किया । इस दौरान गुकेश नें 7 मुक़ाबले जीते , 4 ड्रॉ खेले जबकि 2 मुक़ाबले ड्रॉ रहे । 

इन दिनो आनंद से भी शतरंज के गुर सीख रहे गुकेश के प्रदर्शन पर आनंद भी बेहद आनंदित नजर आए 

 

 "बधाई गुकेश उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए, लगभग अंतिम वरीय होने से शुरू होकर शीर्ष दस में जगह बनाने तक। जब मैंने उसे कोलकाता में गुकेश को अपने बुरे परिणामों के बावजूद बेहतर करने के लिए लगातार मेहनत करते देखा तो मैं बेहद प्रभावित हुआ था ,बधाई " विश्वनाथन आनंद 

गुकेश नें विश्व रैपिड के पहले दिन 3 जीत और 2 हार दर्ज की और कुल 3 अंक बनाए इस दौरान उन्होने बोसनिया के डेनिस काडरिक , ईरान के एहसान मघामी और अर्जेन्टीना के एलन पीचोट को पराजित किया । 

विश्व रैपिड के दूसरे दिन चार राउंड हुए और इस दौरान उन्होने प्रदर्शन को बेहतर करते हुए 2 जीत और 2 ड्रॉ से 3 और अंक जोड़े । इस दौरान उन्होने ग्रीस के निकोलस और अर्मेनिया के तिगरान पेट्रोसियन को पराजित किया । 

आपको याद ही होगा की कुछ समय पहले माइक्रोसेंस चेसबेस इंडिया ट्रेनिंग केंप मे गुकेश बोरिस गेलफंड से भी सीखते नजर आए थे 

विश्व रैपिड के तीसरे दिन गुकेश नें सबसे बेहतरीन प्रदर्शन किया और 2 जीत और 2 ड्रॉ खेले इसमें सबसे पहले जीत उन्होने बोरिस के खिलाफ जीत हासिल की 

इसके बाद गुकेश नें जोबावा बादुर को पराजित कर एक और जीत हासिल की 

अगला मैच विश्व चैम्पियन का ताज बदलने वाला था ,ऐसा कहना गलत नहीं होगा , विश्व रैपिड चैम्पियन बनने वाले नोदिरबेक इस मुक़ाबले मे गुकेश के खिलाफ बुरी तरह हार रहे थे और किसी तरह मैच बचाने मे कामयाब रहे । अगर गुकेश यह मैच जीते होते तो विश्व रैपिड का परिणाम निश्चित तौर पर कुछ और होता 

अंतिम राउंड मे  गुकेश नें अलेक्ज़ेंडर ग्रीसचुक से बाजी ड्रॉ खेली 

गुकेश जब 12 वर्ष की उम्र मे 2019 के दिल्ली इंटरनेशनल मे ग्रांड मास्टर बने थे तब से उनकी प्रगति आसधारण रही है और उनका खेल यूं ही आगे बढ़ा तो वह भारत को ढेरो उपलब्धियां दिलाएँगे