कोनेरु हम्पी बनी बीबीसी इंडियन स्पोर्ट्स वुमेन ऑफ द इयर 

अब से कुछ देर पहले ही चेंज द गेम कार्यक्रम में हम्पी को विजेता घोषित किया गया जहां हम्पी नें इसमें ऑनलाइन प्रतिभागिता की जबकि कार्यक्रम को मंच से आयोजित किया गया 

अवार्ड जीतने के बाद हम्पी नें इसे शतरंज बिरादरी को समर्पित किया और उम्मीद की इससे शतरंज की ओर लोगो का और ध्यान जाएगा 

कोनेरु हम्पी एक समय दुनिया की सबसे कम उम्र की ग्रांड मास्टर रह चुकी है और शतरंज में 2600 रेटिंग का आंकड़ा छूने वाली वह इतिहास की दूसरी खिलाड़ी है 

जीवन में तमाम चुनौतियों खासतौर पर माँ बनने के बाद दो वर्ष तक खेल से दूर रहकर वापसी करने वाली कोनेरु देश की हर महिला के लिए एक प्रेरणा है 

हम्पी को इस अवार्ड का मिलना इस बात का भी सबूत है की देश में अब खेल नयी ऊँचाइयाँ छू रहा है। 

नई महिला खिलाड़ियों को सलाह देते हुए हम्पी ने कहा कि बिना परिणामों की चिंता किए 'सिर्फ़ खेल का आनंद लीजिए.' 

कार्यक्रम का सीधा प्रसारण बीबीसी के चैनल पर किया गया 

 

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